Prayagraj Metro Project 2026: रियल एस्टेट बूम और निवेश के नए अवसर
प्रयागराज (संगम नगरी) नए युग की ओर बढ़ रहा है। 2025 में प्रस्तावित Prayagraj Metro — जो पहले लाइट-मेट्रो ( Metrolite ) था — अब एक फुल-फ्लेज्ड मेट्रो नेटवर्क बनने जा रहा है। इस विकास से सिर्फ यात्रा सुगम नहीं होगी, बल्कि शहर के रियल एस्टेट बाज़ार में भू–मूल्य (land value), प्लॉट और प्रॉपर्टी की मांग और कीमतों में भी बड़े बदलाव की उम्मीद है। इस लेख में जानेंगे कि मेट्रो प्रोजेक्ट का क्या मतलब है, कहाँ निवेश करना समझदारी होगी, और किन बातों का ध्यान रखना चाहिए। मेट्रो प्रोजेक्ट — क्या है नया, क्या बदला है अक्टूबर 2025 में प्रयागराज प्राधिकरण ने पहले से प्रस्तावित Metrolite योजना को छोड़कर एक पूरा मेट्रो नेटवर्क लागू करने का प्रस्ताव किया है। यह मेट्रो नेटवर्क लगभग 44 किलोमीटर लंबे मार्ग पर फैलेगा, जिसमें 39 स्टेशन होंगे। दो मुख्य रूट बनेंगे — पहला रूट बम्रौली ↔ झूँसी City Lake (~23 km, 20 स्टेशन) और दूसरा रूट शांतिपुरम ↔ चेकोकी (~21 km, 19 स्टेशन)। साथ ही Parade Ground पर एक केंद्रीय इंटरचेंज स्टेशन होगा। नया अनुमानित लागत ₹10,000 करोड़ है — जो पहले के अनुमान (Metrolite) से अध...